
जिला सोलन के देहुंघाट क्षेत्र में एक महिला की हत्या का सनसनीखेज साजिश का पुलिस ने पर्दाफाश करते हुए पति समेत तीन आरोपियों को घटना के महज आधे घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। आरोप है कि पति ने अपने सगे भाई और दोस्त के साथ मिलकर पत्नी को उत्तर प्रदेश से घूमने के बहाने सोलन लाया और सुनसान स्थान पर पहले उसके गले पर चाकू से वार किया, फिर उसे करीब 80 से 100 मीटर गहरी ढांक में धक्का देकर मृत समझकर फरार हो गए। गंभीर रूप से घायल महिला किसी तरह झाडिय़ों के सहारे बाहर निकली और बाईपास सडक़ तक पहुंच गई, जहां स्थानीय लोगों ने उसे उपचार के लिए क्षेत्रीय अस्पताल सोलन पहुंचाया।
प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उसकी गंभीर हालत को देखते हुए आईजीएमसी शिमला रैफर कर दिया। पुलिस के अनुसार शुक्रवार को पुलिस चौकी सपरून को सूचना मिली कि कुछ लोगों ने एक महिला को गहरी खाई में फेंक दिया है। सूचना मिलते ही पुलिस थाना सदर सोलन और चौकी सपरून की टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं। इसी दौरान घटनास्थल पर मौजूद प्रत्यक्षदर्शी बड़ोग निवासी नरेश कुमार ने बताया कि उसने तीन युवकों को एक युवती के साथ संदिग्ध हालत में देखा था। पहले उसे लगा कि युवक महिला का गला दबा रहे हैं। शक होने पर वह लौटा तो देखा कि तीनों युवकों ने महिला को सडक़ से नीचे गहरी खाई में धक्का दे दिया और पैदल नगाली की ओर भाग गए। मौके पर पैराफिट के पास खून के निशान भी मिले। प्रत्यक्षदर्शी के बयान और मौके से मिले साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर त्वरित कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने आरोपियों का पीछा करते हुए उन्हें नगाली के पास से हिरासत में ले लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान दलीप कुमार, उसके भाई शिवम तथा दोस्त मदन कुमार के रूप में हुई है। तीनों उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं।
लंबे समय से चल रहा था विवाद
पूछताछ में सामने आया कि पीडि़ता मोनिका आरोपी दलीप कुमार की पत्नी है और दोनों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी रंजिश के चलते दलीप ने अपने भाई और दोस्त के साथ मिलकर पत्नी की हत्या की योजना बनाई। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पहले चाकू से हमला किया और फिर हत्या की नीयत से महिला को खाई में फेंक दिया। वारदात के बाद तीनों उत्तर प्रदेश भागने की तैयारी में थे, लेकिन पुलिस ने समय रहते उन्हें दबोच लिया।
पुलिस ने जुटाए सबूत
पुलिस अधीक्षक सोलन पुलिस अधीक्षक सोलन तिरुमला राजू एसडी वर्मा ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है। उन्होंने बताया कि घटनास्थल से भौतिक एवं वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए गए हैं, जबकि आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड का भी संबंधित राज्यों की पुलिस से सत्यापन कराया जा रहा है। मामले की गहन जांच जारी है।